Tiger Zinda Hai:टाइगर की ‘दहाड़’

Tiger Zinda Hai:टाइगर की 'दहाड़' नई दिल्ली: कौन कहता है कि टाइगर का अस्तित्व खतरे में है. टाइगर पूरी तरह से तंदुरुस्त और अपना अस्तित्व बचाए रखने में सक्षम ह

Tiger Zinda Hai:टाइगर की ‘दहाड़’

नई दिल्ली: कौन कहता है कि टाइगर का अस्तित्व खतरे में है. टाइगर पूरी तरह से तंदुरुस्त और अपना अस्तित्व बचाए रखने में सक्षम है.

उसे शिकार करना आता है, खुद को बचाना आता है और दूसरों को ठिकाने लगाना भी.

इसी के साथ टाइगर (सलमान खान) लौट आया है. टाइगर पहले से ज्यादा खतरनाक हो गया है.

अब वो अपने प्यार की खातिर नहीं देश की खातिर जंग कर रहा है. अब उसके दुश्मन कोई एजेंसी नहीं बल्कि एक आतंकी संगठन है.

इस बार भी उसकी ताकत जोया है यानी कैटरीना कैफ. ‘टाइगर जिंदा है’ में हर वो मसाला है जो ‘ट्यूबलाइट’ में नहीं था.

‘टाइगर जिंदा है’ सलमान खान की अब तक की सबसे झन्नाटेदार एक्शन फिल्म है.

इसमें सलमान हॉलीवुड सुपरस्टार आर्नोल्ड श्वार्जेनेगर और सिल्वेस्टर स्टैलॉन का कॉम्बिनेशन हैं, यानी टर्मिनेटर और रैम्बो. ऐसे में रोमांच और एक्शन का तूफान आना लाजिमी है.

इस तरह सलमान खान फैन्स के लिए मस्ट वॉच मूवी बन जाती है.

‘टाइगर जिंदा है’ बिग बजट फिल्म है. कहा जाता है कि फिल्म का बजट लगभग 150 करोड़ रु. का है और इसमें सलमान खान की फीस शामिल नहीं है. इस तरह फिल्म बहुत बड़े बजट की है.

टाइगर को इसे सफल बनाने के लिए बॉक्स ऑफिस पर अपनी दहाड़ को कायम रखना होगा, वर्ना फिल्म का प्रॉफिट मार्जन बहुत ज्यादा नहीं होगा.

फिल्म के एक्शन और आउटडोर शूटिंग इसके बड़े बजट की वजह माना जा सकता है क्योंकि एक्शन हॉलीवुड के स्तर का है और फिर फिल्म की शूटिंग को भी कई देशों में अंजाम दिया गया है.

फिल्म में सलमान खान के फैन्स के लिए हर मसाला मौजूद है, लेकिन फिल्म को दिल से देखने की जरूरत है दिमाग से नहीं

‘टाइगर जिंदा है’ की कहानी वहीं से शुरू होती है, जहां ‘एक था टाइगर’ खत्म हुई थी. रॉ को टाइगर की तलाश है क्योंकि हालात फिर ऐसे बन चुके हैं कि सिर्फ टाइगर उनसे निबट सकता है.

इराक में भारतीय नर्सें फंस गई हैं और उन्हें वहां से निकालना है. फिर “शिकार तो सब करते हैं. लेकिन टाइगर से बेहतर शिकार कोई नहीं करता.

” टाइगर शिकारी आतंकियों को भी यह बात अच्छी तरह से समझा देता है. फिल्म में हॉलीवुड स्टाइल एक्शन है और टाइगर उस हद तक गुजर गया है, जो उसने पहले कभी पार की नहीं थी.

अली अब्बास स्टोरी पॉइंट को अच्छे से लेकर चलते हैं, और हरेक थ्रेड को जोड़ते जाते हैं. लेकिन ध्यान रखिएगा ज्यादा दिमाग पर जोर मत डालिएगा.

सलमान खान ने एक्शन सीन जोरदार ढंग से किए हैं, और इसमें कोई दो राय नहीं कि इस टाइगर की दहाड़ लंबे समय तक सुनाई देगी.

बेशक सलमान खान का फेस कई बार स्टोन फेस हो जाता है, लेकिन सलमान तो सलमान ठहरे.

‘टाइगर जिंदा है’ उनके फैन्स के लिए जबरदस्त ट्रीट है, और 2017 की विदाई के लिए परफेक्ट. कैटरीना कैफ ने भी सलमान खान का अच्छा साथ निभाया है.

लेकिन अगर किसी फिल्म में सलमान खान हो तो उसमें कोई दूसरी चीज की गुंजाइश रह ही कहां जाती है. टाइगर में सलमान और सिर्फ सलमान ही हैं.