मैच के बाद मैदान पर पूर्व क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान के साथ विशेष बातचीत में पंड्या ने सिक्सर किंग बनने के राज का खुलासा किया.

नागपुर: रोहित शर्मा के शानदार शतक की बदौलत भारत ने ऑस्ट्रेलिया को पांचवें और आखिरी वनडे क्रिकेट मैच में रविवार को सात विकेट से हराकर सीरीज 4-1 से जीत ली और आईसीसी रैंकिंग में नंबर एक के सिंहासन पर अपनी स्थिति और पुख्ता कर ली. रोहित शर्मा को उनके शानदार शतक के लिए मैन ऑफ द मैच चुना गया. वहीं, हार्दिक पंड्या को मैन ऑफ द सीरीज रहे. इस सीरीज में सबसे ज्यादा चर्चा हार्दिक पंड्या की रही. पंड्या ने पूरी सीरीज के दौरान दोहरा प्रदर्शन किया. पांच मैचों की चार पारियों में बल्लेबाजी करते हुए पंड्या ने कुल 222 रन बनाए. नागपुर में उन्हें बल्लेबाजी करने का मौका नहीं मिला. गेंद से भी पंड्या ने कमाल दिखाते हुए कुल 7 विकेट झटके.4 नंबर पर बल्लेबाजी करने के लिए खिलाए जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए पंड्या ने कहा कि मैंने इस मौके को भुनाने के लिए पूरा प्रयास किया. नि:श्चित रूप मैंने कुछ रन बनाए और टीम ने सीरीज जीत ली है. मेरा ध्यान केवल कठिन मेहनत और फिटने पर था. मुझे ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलने में बहुत मजा आता है. मैं मैन ऑफ द सीरीज जीतकर खुश हूं. खुशी इस बात की भी हो रही है कि हमने सीरीज जीत ली है.

लंबे-लंबे छक्के लगाने का शौक
मैच के बाद मैदान पर पूर्व क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान के साथ विशेष बातचीत में पंड्या ने सिक्सर किंग बनने के राज का खुलासा किया. पंड्या ने बताया कि उन्हें शुरुआत से ही छक्के लगाने का शौक रहा है. उन्होंने बताया कि पहले वह छक्का लगाने के दौरान लॉन्ग ऑन पर आउट हो जाते थे लेकिन बाद में मैंने भारी बैट से खेलना शुरू कर दिया. इसका परिणाम यह रहा कि गेंद अगर सही ढंग से बल्ले पर भी न आए तो भी बाउंड्री को पार कर जाती है.

सीरीज में लगाए 12 छक्के
पंड्या हर मैच में बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास करते हैं. ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उन्होंने पारियों में बल्लेबाजी करते हुए कुल 222 रन बनाए. वहीं, 12 छक्के उड़ाए. इस दौरान उनका उच्चतम स्कोर 83 रन रहा जो उन्होंने चेन्नई में बनाया था. यह पंड्या का अभी तक का सर्वश्रेष्ठ स्कोर है. पंड्या ने गेंदबाजी में 7 विकेट भी झटके.